पुष्पा गुजराल साइंस सिटी और नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी जालंधर ने संयुक्त रूप से 74वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर स्कूली बच्चों के लिए सवाल-जवाब प्रतियोगिता का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में पंजाब भर से 8वीं से 10वीं तक के 300 से अधिक स्कूली छात्रों ने भाग लिया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि साइंस सिटी की डायरेक्टर जनरल डॉ. नीलिमा जेरथ ने ध्वजारोहण किया। उन्होंने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि गणतंत्र दिवस युवाओं और बच्चों को देश की एकता और अखंडता के प्रति जागरूक करता है।
भारत विविध विरासतों से समृद्ध देश है और हर नागरिक इस दिन पर गर्व महसूस करता है। उन्होंने कहा कि युवा छात्रों के वैज्ञानिक विचारों और कौशल ने देश को विकास के पथ पर अग्रसर किया है, इसलिए आप देश की प्रेरक शक्ति हैं।
साइंस सिटी के डायरेक्टर डॉ. राजेश ग्रोवर ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि उन्होंने विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में एक मजबूत बुनियादी ढांचा स्थापित करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि मानव शक्ति और संस्थानों के रूप में देश में विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में हुए सर्वांगीण विकास ने फल देना शुरू कर दिया है।
उन्होंने कहा कि आज के युवाओं में देश को बदलने की ताकत है। ये युवा कल के नेता, निर्माता और नवप्रवर्तक हैं। इस मौके पर उन्होंने युवाओं से राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए आगे आने का आह्वान किया।
इस अवसर पर एनआईटी जालंधर के मैकेनिकल इंजीनियरिंग के सीनियर फैकल्टी सदस्य डॉ. आर. एस. भारज और एनआईटी के प्रोफेसर और “क्रियो” के संस्थापक डॉ. अरुण खोसला भी उपस्थित थे।
इन दोनों माहिरों ने बच्चों के साथ एक सेशन के दौरान विचार सांझे किए और राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान जालंधर द्वारा उद्यमियों और तकनीकी नेताओं को विकसित करने के लिए दिए जा रहे प्रशिक्षण और अवसरों के संबंध में किए जा रहे प्रयासों के बारे में जानकारी दी गई।
इस प्रतियोगिता में एन.आई. टी इनक्यूबेशन सेंटर जालंधर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री शिवानंद दास ने क्यू मास्टर की भूमिका निभाई। इस प्रतियोगिता में स्वामी संतदास पब्लिक स्कूल फगवाड़ा के श्रेया थापर ने दस् हजार रुपए का पहला पुरस्कार जीता। इसी तरह लिटिल एंजल स्कूल कपूरथला के हर्षित बासुदेवा और दयानंद मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल जालंधर के हेतुल ज्योति ने पांच पांच हजार का दूसरा और तीसरा पुरस्कार जीता।

