जालंधर; लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) में वार्षिक कांग्रेगेशन सेरेमनी में एकेडमिक गाउन पहन कर और भावपूर्ण विदाई के साथ अफ्रीकी महाद्वीप के सैकड़ों छात्रों को उनकी डिग्री प्रदान की गई। इंटरनेश्नल एजुकेशन और कल्चर, एकता को मनाने वाले समारोह में जिम्बाब्वे, नामीबिया, घाना, मॉरीशस, सूडान और अन्य सहित 27 देशों के ग्रेजुएट्स को उनकी एकेडमिक श्रेष्ठता के लिए सम्मानित किया गया। समारोह की अध्यक्षता डॉ. अशोक कुमार मित्तल, सांसद (राज्यसभा) और एलपीयू के फाउंडर चांसलर ने की, साथ ही श्री एडसन मोयो, भारत में जिम्बाब्वे गणराज्य के मंत्री पूर्णाधिकारी (प्लेनीपटेन्शीएरी), डॉ. कर्नल रश्मि मित्तल, एलपीयू की प्रो-चांसलर, डॉ. लोवी राज गुप्ता, एलपीयू के प्रो-वाइस चांसलर और डॉ. अमन मित्तल, एलपीयू के वाइस प्रेसिडेंट ने की।
ग्रेजुएट्स को बधाई देते हुए डॉ. अशोक कुमार मित्तल ने कहा, “आप हमारे ज्ञान, चरित्र और परिवर्तन के राजदूत हैं। आप जहाँ भी जाएँ; चाहे अफ्रीका भर में अपने समुदायों में वापस जाएँ या नए जगह पर जाएँ; आप हमारे इंटरनेश्नल कैंप में आपके अंदर पैदा की श्रेष्ठा की भावना को अपने साथ लेकर चलते हैं। अपनी आगे की यात्रा में वैश्विक दृष्टिकोण, लचीलापन और नेतृत्व को प्रतिबिंबित करें जो आपने यहाँ अपनाया है और हमेशा याद रखें, कि आप एलपीयू परिवार का अभिन्न अंग बने रहेंगे।” मुख्य अतिथि श्री एडसन मोयो ने भी ग्रेजुएट्स को उत्साहित किया और कहा कि उनकी उपलब्धियाँ अफ्रीका के उज्ज्वल भविष्य का प्रतीक हैं, “आज की डिग्रियाँ दस्तावेज़ से कहीं अधिक हैं; वे परिवर्तनकारी नेतृत्व के लिए पासपोर्ट हैं। एलपीयू में स्थापित अखंडता, जिज्ञासा और सहयोगी भावना को अपने समुदायों में वापस ले जाएँ और उन्हें अफ्रीका भर में नए एंटरप्रिन्योर, समावेशी नीतियों और सस्टेनेबल विकास को प्रज्वलित करने दें।”

एलपीयू की प्रो-चांसलर डॉ. कर्नल रश्मि मित्तल ने ग्रेजुएट्स का सम्मान करते हुए कहा, “आपमें से हर एक वाकई असाधारण है। एलपीयू में, नई संस्कृतियों, फूड और जलवायु को देखा और आज आप आत्मविश्वास से भरे ग्लोबल नागरिक के रूप में खड़े हैं। यहां आपने जो दोस्ती बनाई, इस परिसर में जो ज्ञान प्राप्त किया और जिस साहस ने आपको हर चुनौती से बाहर निकाला, उसके माध्यम से आप भारत और एलपीयू का एक हिस्सा अपने साथ लेकर चलते हैं। उच्च लक्ष्य रखें, बड़ा सोचें और असाधारण बदलाव लाने की अपनी शक्ति पर भरोसा करें।” विभिन्न विषयों में असाधारण उपलब्धियां हासिल करने पर सम्मानित करते हुए, एलपीयू ने कई विशेष सम्मान प्रदान किए, जिसमें लासमर गरबा को ट्रांसफॉर्मेटिव लीडरशिप अवार्ड, इमैनुएल डी. ओकेच ने मानवतावादी पुरस्कार, प्रिमरोज़ नोकुटेंडा चामुनोरवा को एंटरप्रिन्योर ऑफ दी ईयर और हलीमा अली ने सर्वश्रेष्ठ रिसर्चर का पुरस्कार जीता, साथ ही कई अन्य लोगों को उनकी उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया।
डॉ. अमन मित्तल ने ग्रेजुएट्स की यात्रा पर विचार करते हुए कहा, “आपको सपनों से भरे कैंपस में आते देखना और अब आपको आत्मविश्वास से भरे वैश्विक नागरिक के रूप में जाते देखना हमारे मिशन की पुष्टि करता है। चाहे आप अपने वतन लौटें या दुनिया भर में अवसरों की तलाश करें, यहाँ आपको जो ज्ञान, दोस्ती और मूल्य मिले हैं, वे आपके लिए दिशा-निर्देश होंगे। सहानुभूति और साहस के साथ नेतृत्व करना जारी रखें और जानें कि एलपीयू समुदाय आपके पीछे खड़ा है।”समारोह का समापन भावनात्मक विदाई के साथ हुआ, क्योंकि छात्रों ने एलपीयू में उनके द्वारा अनुभव की गई समृद्ध शैक्षणिक यात्रा और समावेशी वातावरण के लिए आभार व्यक्त किया।

