उत्तर प्रदेश के आगरा में शनिवार का दिन एक बेहद दर्दनाक हादसे का गवाह बना। यहां खंदौली थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार का कहर देखने को मिला, जिसने हंसते-खेलते परिवारों की खुशियां छीन लीं। जगन्नाथ पुरी से दर्शन करके लौट रहे श्रद्धालुओं से भरे दो ऑटो को एक अनियंत्रित ट्रक ने रौंद दिया। इस भीषण हादसे में पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। ट्रक की रफ्तार करीब 100 किलोमीटर प्रति घंटा बताई जा रही है। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ऑटो के परखच्चे उड़ गए और वे हवा में उछलकर दूर जा गिरे।
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, यह हादसा जलेसर रोड पर हुआ है। मृतकों में हाथरस जिले के थाना धाधयू के भादउ गांव के रहने वाले विजय सिंह उर्फ बीजो गौतम, लक्ष्मीचंद, रघुवीर, बिरला मिस्त्री और आगरा के शाहगंज निवासी ऑटो चालक शाहिद शामिल हैं। ये सभी आठ दोस्त 20 जनवरी को जगन्नाथ पुरी धाम के दर्शन के लिए गए थे। शनिवार को ही वे जबलपुर के रास्ते आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पहुंचे थे। वहां से अपने-अपने गांव जाने के लिए उन्होंने दो ऑटो बुक किए थे। सफर के दौरान रामदत्त नाम का एक साथी दवा लेने के लिए रास्ते में उतर गया था, जिससे वह इस हादसे का शिकार होने से बच गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसा नगला चंदन के पास हुआ। सामने से आ रहे ट्रक की रफ्तार बहुत तेज थी और चालक नशे की हालत में था। वह करीब 100 की स्पीड में ट्रक को लहराते हुए ला रहा था। उसने पहले एक ऑटो को टक्कर मारी और फिर नियंत्रण खोते हुए दूसरे ऑटो को भी अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर लगते ही दोनों ऑटो सड़क किनारे लगे एक पेड़ से टकराए और फिर गड्ढे में पलट गए। ऑटो पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। इस दौरान पांच लोगों की जान चली गई, जबकि धनप्रसाद और विजय गंभीर रूप से घायल हो गए। अस्पताल में इलाज के दौरान एक और व्यक्ति के दम तोड़ने की खबर सामने आई है।
हादसे के तुरंत बाद ट्रक चालक ने मौके से भागने का प्रयास किया, लेकिन चीख-पुकार सुनकर जमा हुए आसपास के लोगों ने उसे दौड़ाकर पकड़ लिया। गुस्साए लोगों ने चालक की जमकर पिटाई कर दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और भीड़ से चालक को छुड़ाकर हिरासत में लिया। पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में लेकर उनकी शिनाख्त की और उनके परिजनों को इस मनहूस खबर की सूचना दी। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घायलों का इलाज जारी है।

