By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Punjab News Today in Hindi, videos, and the latest top stories in world news, business, politics, health and more.Punjab News Today in Hindi, videos, and the latest top stories in world news, business, politics, health and more.
  • Home
  • India
  • Delhi
  • Punjab
  • Jalandhar
  • Politics
  • Entertainment
  • Sports
  • World
  • More
Search
© 2021 Talk Hindustan. Designed by iTree Network Solutions +91-8699235413.
Reading: एलपीयू के वार्षिक ‘वन इंडिया-2024’ कल्चरल फेस्टिवल में दिखा भारतीय संस्कृति का शानदार प्रदर्शन
Share
Sign In
Notification Show More
Aa
Punjab News Today in Hindi, videos, and the latest top stories in world news, business, politics, health and more.Punjab News Today in Hindi, videos, and the latest top stories in world news, business, politics, health and more.
Aa
Search
  • Home
  • India
  • Delhi
  • Punjab
  • Jalandhar
  • Politics
  • Entertainment
  • Sports
  • World
  • More
Have an existing account? Sign In
Follow US
© 2021 Talk Hindustan. Designed by iTree Network Solutions +91-8699235413.
Punjab News Today in Hindi, videos, and the latest top stories in world news, business, politics, health and more. > Jalandhar > एलपीयू के वार्षिक ‘वन इंडिया-2024’ कल्चरल फेस्टिवल में दिखा भारतीय संस्कृति का शानदार प्रदर्शन
Jalandhar

एलपीयू के वार्षिक ‘वन इंडिया-2024’ कल्चरल फेस्टिवल में दिखा भारतीय संस्कृति का शानदार प्रदर्शन

Talk Hindustan
Last updated: 2024/04/18 at 7:47 PM
Talk Hindustan
Share
4 Min Read
एलपीयू के वार्षिक ‘वन इंडिया-2024’ कल्चरल फेस्टिवल में दिखा भारतीय संस्कृति का शानदार प्रदर्शन
SHARE

* इस वर्ष मनाई जाने वाली थीम “समानता, विविधता और समावेशिता” का सर्वकालिक भारतीय दर्शन रहा

जालंधर– लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) कैंपस उस समय भारतीय संस्कृति और विरासत के एक जीवंत दायरे में तब्दील हो गया, जब इसका वार्षिक मेगा सांस्कृतिक उत्सव ‘वन इंडिया-2024’ बड़ी भव्यता और शानदारता के साथ शुरू हुआ।

उत्सव के इस 12वें संस्करण में समानता, विविधता और  समावेशिता का विस्मयकारी प्रदर्शन देखा गया क्योंकि देश भर के विद्यार्थियों ने यहां अपने-अपने राज्यों की भव्यता का प्रदर्शन किया और दूसरों का भी साथ निभाया ।

इसके लिए, बड़ी संख्या में भारतीय त्योहारों, रीति-रिवाजों, संस्कृतियों, परंपराओं, नृत्यों, गीतों का पूरे हर्षोल्लास के साथ प्रदर्शन किया गया देश की विशाल विविधता के प्रदर्शन के बीच स्टूडेंट्स  ने एकता के लिए नारे लगाए- विशेष तौर पर  “भारत माता की जय” और “हम सब एक हैं”। उत्सव में गतिविधियों की एक प्रभावशाली श्रृंखला थी, जिसमें 29 प्रदर्शनी

स्टॉल थे जो प्रत्येक राज्य और केंद्र शासित प्रदेश की समृद्ध विरासत, कला और व्यंजनों की झलक प्रदान कर रहे थे।  उत्सव में 29 लोक संगीत और नृत्य-प्रदर्शन, 3 किलोमीटर लंबे रंग-बिरंगे सांस्कृतिक जुलूस का भी प्रदर्शन किया गया, जिसने उत्सव में भव्यता और चमक जोड़ दी। “समानता, विविधता और समावेशिता” की थीम  को आगे बढ़ाते हुए; इस वर्ष के उत्सव का उद्देश्य उस गौरवशाली भारतीय दर्शन का जश्न मनाना रहा  जो पूरे देश को एक साथ बांधता है।

यह कार्यक्रम सभी भारतीय राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से आए 4000 से अधिक प्रतिभागी विद्यार्थियों  द्वारा की गई विशाल प्रस्तुतियों के साथ उत्सवपूर्ण और जानकारीपूर्ण था। यहां तक कि 40 से अधिक देशों के अंतर्राष्ट्रीय विद्यार्थियों  ने भी अपने भारतीय समकक्षों के साथ मिलकर उत्सव को इसके स्वरूप और उद्देश्य में भव्य साबित करने के लिए काम किया।

एलपीयू के संस्थापक चांसलर और राज्यसभा सदस्य माननीय डॉ. अशोक कुमार मित्तल ने तिरंगे गुब्बारे उड़ाकर उत्सव का उद्घाटन किया।डॉ. मित्तल ने उत्सव में भारत की विविधता में उसकी भव्यता को बनाए रखने के लिए सभी को बधाई दी। डॉ. मित्तल ने स्टूडेंट्स  को समुदाय, देश और दुनिया की भलाई के लिए अपने सभी प्रयासों में हमेशा एकजुट रहने के लिए प्रोत्साहित किया।

प्रो-चांसलर श्रीमती रश्मी मित्तल भी उनके साथ थीं। विद्यार्थियों  द्वारा लगाए गए व्यक्तिगत स्टालों का दौरा करते समय; दोनों ने प्रदर्शित किये गए अविश्वसनीय उत्साह और सहयोग की सराहना की। उन्होंने विद्यार्थियों  को छात्र समुदाय की भलाई के लिए सभी एकीकृत कार्यों में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। इस दौरान एक ‘कला प्रदर्शनी-अभिव्यक्ति’ भी  आयोजित की गई

जहां विभिन्न विभागों ने अपने -अपने स्टूडेंट्स की विशिष्ट रचनाएँ प्रस्तुत कीं। इंग्लिश डिपार्टमेंट ने जल्द ही प्रकाशित करने के लिए मूल कविताएँ, कॉमिक्स, नारे और बहुत कुछ प्रदर्शित किया; फाइन आर्ट्स ने विविध रूपों में कला कृतियों का प्रदर्शन किया; वास्तुकला ने विविध बनावटों में स्टूडेंट्स के काम को प्रदर्शित किया ; विभिन्न अवसरों के लिए पोशाकों के साथ फैशन विभाग सामने आया; और इसी तरह स्वादिष्ट व्यंजनों के साथ होटल प्रबंधन शामिल रहा ।

उत्सव का उदाहरण यह था कि एक विशेष राज्य के स्टूडेंट्स  दूसरे राज्य के लिए काम करते और प्रदर्शन करते देखे गए। पंजाब की झांकी में दिखे आंध्र प्रदेश के स्टूडेंट्स ; जबकि, केरल वालों  ने महाराष्ट्र राज्य के बारे में सब कुछ प्रदर्शित किया। ऐसा करने से, स्टूडेंट्स  को एक-दूसरे की संस्कृति का जश्न मनाने और सम्मान देने का व्यापक अवसर मिला।

दरअसल, भारत अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के लिए जाना जाता है, जहां विविधता ही इसकी पहचान है|  इस वर्ष  यह सब कुछ विकसित भारत -2047 को लक्ष्य किये लगा |

विद्यार्थियों ने भरतनाट्यम (तमिलनाडु), कथक (उत्तर, पश्चिम और मध्य भारत), कथकली (केरल), कुचिपुड़ी (आंध्र), ओडिसी (ओडिशा), मणिपुरी (मणिपुर), मोहिनीअट्टम (केरल) सहित विविध भारतीय शास्त्रीय और लोक नृत्यों , सत्त्रिया (असम), भांगड़ा/गिद्धा (पंजाब, उत्तर भारत), गरबा (गुजरात), घूमर (राजस्थान) आदि पर प्रदर्शन किया।

TAGGED: UNIVERSITY NEWS
Share This Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Telegram Copy Link
Share
Previous Article 15,000 ਰੁਪਏ ਰਿਸ਼ਵਤ ਲੈਂਦਾ ਏ.ਐਸ.ਆਈ. ਵਿਜੀਲੈਂਸ ਬਿਊਰੋ ਵੱਲੋਂ ਰੰਗੇ ਹੱਥੀਂ ਕਾਬੂ 15,000 ਰੁਪਏ ਰਿਸ਼ਵਤ ਲੈਂਦਾ ਏ.ਐਸ.ਆਈ. ਵਿਜੀਲੈਂਸ ਬਿਊਰੋ ਵੱਲੋਂ ਰੰਗੇ ਹੱਥੀਂ ਕਾਬੂ
Next Article तीन साल की जिंदा बच्ची को दफनाने वाली दोषी महिला को कोर्ट ने सुनाई फांसी की सजा तीन साल की जिंदा बच्ची को दफनाने वाली दोषी महिला को कोर्ट ने सुनाई फांसी की सजा
Leave a comment Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Jalandhar News Website
Punjab News Today in Hindi, videos, and the latest top stories in world news, business, politics, health and more.Punjab News Today in Hindi, videos, and the latest top stories in world news, business, politics, health and more.
Follow US
© 2021 Talk Hindustan. Designed by iTree Network Solutions +91-8699235413.
  • Privacy Policy
  • Terms and Conditions
  • Disclaimer
  • Grievance
  • Our Authors
  • Contact Us
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?