किसान आंदोलन के बीच गृह मंत्रालय ने अब पंजाब पर सख्ती करते हुए प्रदेश के तीन जिलों में इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी हैं। पंजाब सरकार ने गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर इस पर कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है।
पंजाब सरकार ने आपत्ति दर्ज कराते हुए इंटरनेट सेवाएं बहाल किए जाने के लिए कहा है। गृह मंत्रालय ने पंजाब के जिला पटियाला, फतेहगढ़ साहिब और संगरूर में इंटरनेट सेवाएं बंद की हैं। पटियाला के शतराना, समाना,घनौर, देवीगढ़, बलबहेरा में, संगरूर के खनौरी, मोनाक, लेहरा, सुनाम, छजली और पूरे फतेहगढ़ साहिब जिला में इंटरनेट सेवाएं ठप पड़ी हैं।
दरअसल गृह मंत्रालय ने यह कदम किसान आंदोलन के चलते उठाया है। अब तक केवल हरियाणा सरकार ने किसानों के दिल्ली कूच को देखते हुए इंटरनेट सेवाएं बंद की थी। पंजाब सरकार ने प्रदेश में जब किसानों को रोकने के लिए किसी प्रकार की सख्ती और ठोस कदम नहीं उठाए, तो गृह मंत्रालय ने ही इसमें हस्ताक्षेप करते हुए अपने स्तर पर इंटरनेट सेवाएं बाधित कर दी। आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता मालविंदर सिंह कंग ने कहा कि केंद्र द्वारा पंजाब के तीन जिलों में इंटरनेट सेवा बंद करना बिल्कुल गलत है। मामले में केंद्र सरकार को आपत्ति दर्ज करवाई गई है। सीएम भगवंत मान ने खुद इस चीज का संज्ञान लिया है।
किसानों के दिल्ली कूच पर जब हरियाणा सरकार ने पंजाब की सरहद के 300 मीटर के अंदर तक किसानों पर ड्रोन से आंसू गैस के गोले दागे तो मामले में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने खुद हस्तक्षेप किया। पंजाब सरकार ने हरियाणा को पत्र लिखकर प्रदेश की सरहद पर या अंदर ड्रोन उड़ाने पर तत्काल रोक लगाने को कहा। पंजाब पुलिस के एडीजीपी जसकरण सिंह ने भी मौके का मुआयना किया। एडीजीपी गुरुवार सुबह भी शम्भू बॉर्डर पर हरियाणा की ओर से ड्रोन से आंसू गैस के गोले दागने की घटना का इनपुट लेने पहुंचे।

